बिहार विधानसभा चुनाव 2025 की शुरुआत से ठीक 36 घंटे पहले सासाराम में स्ट्रेंग रूम के बाहर अचानक एक ट्रक की पहुंच से बिजली का तूफान मच गया। इस घटना के बाद कुछ शहरवासियों की सुरक्षा में गड़बड़ी हुई है, सुपरमार्केट और कैमरे बंद कर दिए गए हैं। लेकिन अब जिला प्रशासन ने इस पूरे मामले पर साफ-साफ बयान जारी कर दिया है।
शिक्षकों ने स्थिति स्पष्ट नहीं की
डिस्ट्रिक्ट पोर्टफोलियो सहा फार्मास्युटिकल्स उदिता सिंह ने गुरुवार सुबह प्रेस कॉन्फ्रेंस कर कहा कि प्राइमरी प्लेस पूरी तरह से सुरक्षित और स्थिर है। सभी बौद्ध मठों में त्रिस्तरीय सुरक्षा बटालियन तैनात हैं और किसी भी तरह की गड़बड़ी की कोई गुंजाइश नहीं है। शिक्षकों ने लोगों से अफवाहों पर ध्यान न देने की अपील की है।
ग़लत समय पर ट्रेलर
डॉक्टरों ने बताया कि चेनारी विधानसभा के शिवसागर स्टूडियो से खाली स्टील बॉक्स लाडा ट्रक बिना पूर्व सूचना के प्राथमिक केंद्र भेजा गया था। सासाराम के तकिया बाजार समिति के शेयर बाजार में रिकार्ड जारी कर दिए गए, जिससे उस ट्रक को देखने वालों में भ्रम की स्थिति बन गई। उन्होंने कहा कि ट्रकों की जरूरत क्यों पड़ी, यह अभी जांच का विषय है। इस मामले में चेनारी विधानसभा के आरओ सहार्ट रेंटल फोटोग्राफर रेंटन से रिजर्वेशन की मांग की गई है।
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पूर्णतः चालू
टीचर्स ने यह भी कहा कि प्राइमरी साइट्स पर लगाए गए सभी हेल्थकेयर कैमरे 24 घंटे चालू हैं। किसी भी कैमरे के बंद होने की बात पूरी तरह से गलत है। चुनाव आयोग के उम्मीदवारों या उनके प्रतिनिधि के प्रतिनिधियों के अधीन दस्तावेजों की जांच की जा सकती है।
नौकरानी की सुरक्षा
फ़्लोरिडा कुमार ने बताया कि स्ट्रांग रूम की तीन सुरक्षा परतें गिरी हुई हैं, पहली झील में जिला पुलिस, दूसरी झील में गुड़िया के जवान, तीसरी झील में बिल्डर्स हैं। एसपी ने कहा कि ट्रक को सुरक्षा गोदाम के बाहर ही रोक दिया गया था और सभी यात्रियों की पूछताछ की गई। उन्होंने साफ कहा कि स्टॉक एक्सचेंज या कैमरा बंद करने जैसी बातें मुंबई में हैं। सुरक्षा को और मजबूत किया गया है, ताकि पूरी तरह से ऑल-बाय-मोटिव और मशीनरी तरीके से हो सके।