यमुना सिंह और रामजन्म सिंह की मृत्यु पर बासमती सेवा केन्द्र एवं जनेश्वर विकास केंद्र के तत्वाधान में शोक सभा का आयोजन

सामाजिक सरोकार रखने वाले थे यमुना सिंह और रामजन्म सिंह
उनकी मृत्यु पर शोक सभा का हुआ आयोजन।
औरंगाबाद ; जिले के महान समाजसेवी यमुना सिंह और रामजन्म सिंह की आकस्मिक मृत्यु पर बासमती सेवा केन्द्र एवं जनेश्वर विकास केंद्र के तत्वाधान में आज शोक सभा का आयोजन किया गया । शोक सभा अधिवक्ता संघ सभागार में बासमती सेवा केन्द्र के संरक्षक रामजी सिंह की अध्यक्षता में संपन्न हुई । जनेश्वर विकास केंद्र के सचिव सिद्धेश्वर विद्यार्थी ने बताया कि सर्वप्रथम उक्त दोनों के चित्र पर पुष्पांजलि कर कार्यक्रम की शुरुआत की गयी । तत्पश्चात जन विकास परिषद के उपाध्यक्ष अशोक कुमार सिंह ने उक्त दोनों के व्यक्तित्व एवं कृतित्व पर प्रकाश डालते हुए कहा कि यमुना सिंह और रामजन्म सिंह सामाजिक सरोकार रखने वाले सामाजिक कार्यकर्ता थे । वे हमेशा ही गांव और समाज के विकास लिए प्रयत्नशील रहे । सिद्धेश्वर विद्यार्थी ने बताया कि ये दोनों बासमती सेवा केन्द्र के सरंक्षक थे तथा मातृ-पितृ वंदन महोत्सव एवं लोकगायक भिखारी ठाकुर महोत्सव के सफलता में इनका अहम भूमिका रहा । कवि लवकुश प्रसाद सिंह , अधिवक्ता संघ अध्यक्ष संजय सिंह , जन विकास परिषद उपाध्यक्ष रामचंद्र सिंह और कला कौशल के जिला संयोजक आदित्य श्रीवास्तव ने उनके बयक्तित्व और कृतित्व पर प्रकाश डालते हुए कहा कि उन्हें मृत्यु से गांव और समाज को अपूर्णीय छति हुआ है । अंत में उनकी दिवंगत आत्मा की शांति के लिए दो मिनट का मौन रखकर ईश्वर से प्रार्थना कर श्रद्धांजलि अर्पित की गयी । शोक सभा में वीरेंद्र गुप्ता, रामाश्रय पांडेय, लवकुश प्रसाद सिंह, रामचंद्र सिंह, आदित्य श्रीवास्तव, माता दीन पटनिया, अशोक कुमार सिंह, गिरजेश नारायण सिंह आदि दर्जनों लोग उपस्थित थे ।




