विश्व योग दिवस के पूर्व संध्या पर ऑनलाइन कवि सम्मेलन का आयोजन

औरंगाबाद ,राष्ट्रीय साहित्यिक संस्था राष्ट्रीय कवि स्पर्श मंच के तत्वावधान में विश्व योग दिवस के पूर्व संध्या पर ऑनलाइन माध्यम से अखिल भारतीय कवि सम्मेलन का आयोजन किया गया। संस्था के संस्थापक सह राष्ट्रीय अध्यक्ष श्रीराम राय के आह्वान पर कवि सम्मेलन का उद्घाटन साहित्यकुंज के महासचिव अरविंद अकेला द्वारा किया गया।झांसी के प्रसिद्ध साहित्यकार डॉ राजेश तिवारी माखन जी की अध्यक्षता में आयोजित कार्यक्रम में मुख्य अतिथि के रूप में निवाड़ी के प्रसिद्ध आशु कवि डॉ रामनिवास तिवारी जी की गरिमामई उपस्थित रही।कार्यक्रम की शुरुआत संस्था की उत्तर प्रदेश अध्यक्ष शिखा पांडेय के सरस्वती वंदना से हुई। अतिथियों का स्वागत बिहार प्रदेश अध्यक्ष सुरेश विद्यार्थी जम्होरिया द्वारा किया गया। संबोधन के क्रम में अतिथियों ने बताया कि जीवन में स्वस्थ और प्रसन्नचित रहने के लिए योग एक ऐसी विद्या है जिसे अपना कर हम खुद तो स्वस्थ रह सकते हैं साथ ही साथ अपने अगल-बगल के संपूर्ण वातावरण को भी शुद्ध एवं स्वस्थ रख सकते हैं। योग और भारत विषयक कवि सम्मेलन में दर्जनों कवियों एक से बढ़कर एक प्रस्तुतियां दी।संजय हजारीबागी, विश्वानी देव अग्रवाल, डॉक शिखा गोस्वामी निहारिका,कवयित्री रजनी सिंह,मीना जैन दुष्यंत, पिंकी मिश्रा ईश्वर चंद्र जायसवाल सुनील कुमार खुराना अवध किशोर मिश्रा कल्पना सेठी,रामबहाल सिंह बहाल, राजेश तिवारी रंजन डॉ ललिता बी जोगाड़,डॉ अजय बैरागी विरक्त ,किरण सेन,कमलेश विष्णु सिंह, पंडित मुल्क राज आकाश,कविता नामदेव सनूक लाल यादव,राजेश्वरी बाजपेई, डॉ राजेश तिवारी मक्खन नीलम रानी सक्सेना, पुतुल मिश्रा, डॉ खुशबू राठी,डॉ रामनिवास तिवारी आशुकवि,डॉ शशी भूषण कुमार सिंह,मंजू चौधरी, रामकिशोर पाठक,डॉ राजेश कुमार शर्मा, रमेश साहू मुंगेली, निर्मल जैन नीर,डॉ बाबू भंडारी हमनवा, डॉ अजय बैरागी विरक्त, डॉ भोला दत्त जोशी,रूपेश कुमार, रामबाबू शर्मा,मीनू चौधरी, रंजुला चंडालिया, शालिनी श्रीवास्तव, चंद्र प्रकाश गुप्त चंद्र,अरविंद कुमार उचित, श्रीमती वंदना शास्त्री राही, डॉ शरीफ खान,लतेलिन लता प्रधान, डॉ कौशल किशोर,कवि छगनलाल मुथा,प्रकाश राय,जयंती शुक्ला,अवध किशोर मिश्रा,डॉ संजीदा खानम शाहीन, मीना तिवारी, सीता देवी,अशोक कुमार शुक्ला, हीरा सिंह कौशल, वीरेंद्र जैन माहिर,डॉ भैरव सिंह चौहान,मनीषा नाडगौड़ा सहित अन्य उपस्थित थे।

