मोतीपुर जिले के मोतीपुर में 15 नवंबर को हुए भीषण अग्निकांड मामले में पुलिस ने तेजी से जांच की है। इस अग्निकांड की घटना में दो मासूम बच्चों समेत कुल पांच लोगों की मौत हो गई, जबकि दो अन्य की इलाज के दौरान पटना में मौत हो गई। इस मामले का नाम है मोयलोयॉ अस्थिरता कुमार और ग्रामीण एसपीजे राजेश सिंह। पुलिस हर बिंदु पर जांच कर रही है। मृतक की लाश की रिपोर्ट में दम घुटने से मौत की पुष्टि हुई है। निरीक्षण पुलिस जांच जांच (एफएसएल) की रिपोर्ट का इंतजार किया जा रहा है।
जानकारी के अनुसार, घटना 15 नवंबर को गेना लाल साह के घर की तीसरी मंजिल पर बने कमरे में हुई। कमरे में आग लगने से सो रहे ललन कुमार गुप्ता, उनकी मां सुशीला देवी, पत्नी पूजा कुमारी, बेटी सृष्टि कुमारी और लड़की कुमारी झुलस कर मौत के घाट उतर गईं। वहीं, ललन कुमार गुप्ता के छोटे भाई मुकेश कुमार, मां लालाबाबू प्रसाद और मां पुष्परा देवी को गंभीर रूप से बर्खास्त कर दिया गया। उनके नतीजे पर माला देवी और साकी कुमारी को भर्ती कराया गया था, जहां इलाज के दौरान उनकी मृत्यु हो गई। घटना के बाद पूरे परिवार में मातम का माहौल है।
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एसोसिएट्स सुशील कुमार ने बताया कि घटना स्थल का संदिग्ध निरीक्षण किया गया है। प्रारंभिक दृश्य जांच में यह अनुमान लगाया गया कि आग बिजली के शॉर्ट सर्किट से लगी हो सकती है। पुलिस इस मामले की वैज्ञानिक और सैद्धांतिक दृष्टि से हर तथ्य की जांच कर रही है। एफएसएल फिल्मांकन रिपोर्ट के आने के बाद ही मृत्यु के वास्तविक लक्ष्यों का स्पष्ट पता चला। इसके लिए घटना से जुड़े आईओ समेत अन्य पुलिस अधिकारियों की विशेष जांच के निर्देश दिए गए हैं। रिपोर्ट आने के बाद आगे की कार्रवाई की जाएगी। पुलिस की टीम द्वारा सभी ठिकानों पर जांच की जा रही है और घटना के सभी बिंदुओं पर जांच की जा रही है।