पटनास्वास्थ्य

बिहार: खगड़िया मेडिकल कॉलेज में बीएड का 16 घंटे का छापा, जब्ती, कार्रवाई का कारण नहीं आया सामने – श्यामलाल चन्द्रशेखर मेडिकल कॉलेज खगड़िया में ईडी की छापेमारी, दस्तावेज जब्त

खगड़िया स्थित श्यामलाल चन्द्रशेखर मेडिकल कॉलेज में गुरुवार की सुबह 15 सुपरमार्केट्स की टीम ने छापा मारा। परिसर में लॉन्च अभियान जारी ही कॉलेज की सुरक्षा व्यवस्था का क्रम जारी किया गया। कॉलेज प्रशासन को इस कार्रवाई की कोई पूर्व सूचना नहीं थी।

डी.एच.डी. की टीम कॉलेज की विभिन्न जगहों पर जांच करती है और साक्ष्य व साक्ष्यों की तलाश में रहती है। इस दौरान परिसर के मुख्य द्वार पर अनधिकृत प्रवेश पर पूरी तरह से रोक लगा दी गई और आने-जाने वालों पर प्रतिबंध लगा दिया गया।

घटना के समय कॉलेज के निदेशक आइसलैंड परिसर में मौजूद नहीं थे, जबकि उनके भाई इंजीनियर मेट्रोपोलिटन कुमार इस दौरान वहां मौजूद थे। एडी अधिकारियों ने अपनी पूछताछ की। बाद में ई. डेमोक्रेट ने प्रेस कॉन्फ्रेंस कर बताया कि एचडी की रेड सुबह 10 बजे से रात 2 बजे तक चली। इस दौरान टीम की जमीन के सामान, हार्ड डिस्क, एटेंडेंस रजिस्टर और कॉलेज की प्रासंगिकता को अपने साथ ले लिया गया।

उन्होंने डॉक्यूमेंट्री जारी करते हुए कहा कि मेडिकल कॉलेज में सुधाकर डिस्ट्रिक्ट्स में एक बेकार पहेली बन गई है। कॉलेज ने एनएमसी (राष्ट्रीय चिकित्सा आयोग) की सख्त निगरानी का सामना किया और अपना संस्थान मजबूत किया। इसके बावजूद, ऑब्जेक्ट का कारण स्पष्ट नहीं हो सका।

ये भी पढ़ें- बिहार पुलिस: सिपाहियों पर सारण पुलिस की बड़ी कार्रवाई, विशेष कार्रवाई और आपराधिक मामले में सेवा से छुट्टी

उन्होंने बताया कि 28 जून 2024 को एनएमसी के निरीक्षण में पटना उच्च न्यायालय और उसके बाद सुप्रीम कोर्ट के मामले पर प्रारंभिक विचार-विमर्श नहीं हुआ। कोर्ट के निर्देश पर कॉलेज को कई दौर के अचानक निरीक्षण के बारे में जानकारी दी गई, जिसमें कोई बड़ी कमी सामने नहीं आई।

जून 2025 में बबूल के बीच कॉलेज को 50 एमबीबीएस की मंजूरी मिल गई, जिसके बाद सुप्रीम कोर्ट ने 100 की छूट कर दी। डेमोक्रेट ने कहा कि हालांकि एसोसिएट ने कॉलेज के खिलाफ कोई आरोप पत्र नहीं निकाला है और कॉलेज का नाम एट्रिब्यूटर कुमार सूची में शामिल नहीं है, फिर भी एसोसिएट ने अधिकारियों और स्थानीय लोगों के बीच कई सवाल किए हैं।

पत्रकार सम्मेलन में ई. डेमोक्रेट ने इस एक्शन को “मनोबल ब्रेक्जिट की साजिश” बताया। वहीं उन्होंने कहा कि जनसहयोग से बनी इस मेडिकल संस्था खगड़िया की पहचान है और वह किसी भी तरह का दबाव स्वीकार नहीं करेंगे। इस मौके पर मीडिया प्रभारी अमरीश कुमार और रोगी कल्याण समिति के अध्यक्ष पीसी घोष भी मौजूद थे.

Related Articles

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *

Back to top button