जी जिले के वजीरगंज-फतेहपुर मुख्य सड़क मार्ग पर स्थित डाक बाबा मंदिर के पास देर रात सोहजना गांव में रहने वाले कमलेश कुमार की दुर्घटना के तुरंत बाद मृत्यु हो गई। उनके साथ उनके सहयोगी सिद्धार्थ गंभीर रूप से पदच्युत हो गए। दोनों की पहचान फैजाबाद थाना क्षेत्र में रहने वालों के रूप में की गई है। ख़ास बात यह है कि जहाज़ और मृत दोनों रातभर ठंड के मैदान में आ रहे थे। सोमवार की सुबह जब गांव के लोगों की नजर पड़ी, तब पूरा मामला सामने आया।
मौसायिक पर शास्त्रीय पुलिस ने गंभीर रूप से घायल हुए प्लास्टर को इलाज के लिए अस्पताल में भर्ती कराया, जहां प्राथमिक उपचार के बाद बेहतर इलाज के लिए ग्रेजुएशन नारायण मगध मेडिकल कॉलेज अस्पताल में भर्ती कराया गया। वहीं घटना की सूचना ही होटल मोके पर पहुंच गई। पुलिस थाने में मुकदमा दर्ज कर कानूनी कार्रवाई में छूट दी गई है।
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इस संबंध में एज़ल ने बताया कि कमलेश रविवार की रात करीब 9 बजे के करीब अभिषेक के साथ बाइक से वजीरगंज थाना क्षेत्र के मौलानगर स्थित अपना मुस्लिम जा रहा था। मुजफ्फरनगर से मुस्लिम की दूरी लगभग 24 से 25 किलोमीटर है। लेकिन मुस्लिम से एक किलोमीटर पहले ही दुर्घटना का शिकार हो गया। बताया जा रहा है कि डाक बाबा के पास अचानक चारपाई गाड़ी के चकमा से बाइक अनियंत्रित होकर खेत में करीब 20 फीट नीचे जा गिरी। बाइक पूरी तरह से क्षतिग्रस्त हो गई।
इस संबंध में नेपोलियन ने बताया कि दुर्घटना के बाद कमलेश जीवित था। दोनों ठंड में रातभर खेत में पड़े रहे, मगर किसी की नजर नहीं पड़ी। यहां तक कि पुलिस की सर्विस वाली गाड़ी भी रात में सड़क से गुजरी, लेकिन नीचे नहीं देखी गई। टोलते हुए पूरी रात चली गई। लेकिन किसी के मोबाइल फोन तक उनकी चीख पुकार नहीं थी।
सुबह कुछ गांव के लोग खेत की ओर गए तो शहीद हुए लोगों को पीड़ा दिखाई। रिवोल्यूशन ने तुरंत उसे अस्पताल की सुविधा दी और पुलिस को सूचित किया। वहीं गांव में कमलेश की मौत की खबर से मातम छा गया। पुलिस चारपाई वाहनों की पहचान और पूरी घटना की जांच कर रही है।